Press Release

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Road Show on SATAT

Chandigarh, 17th November 2018

सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों (ओएमसीज) आईओसीएल, बीपीसीएल और एचपीसीएल ने हाल ही में लॉन्च की गई ‘‘सतत’ ’ (सस्ते परिवहन के लिए संधारणीय विकल्‍प) नामक पहल के बारे में जागरूकता उत्‍पन्‍न करने तथा हितधारकों को इस पहल में सहभागिता हेतु संवेदनशील बनाने के लिए 17 नवंबर 2018 को चंडीगढ़ में एक रोड शो का आयोजन किया। इस रोड शो को श्री विजय शर्मा, निदेशक, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय तथा श्री एस जयकृष्णन, निदेशक-विपणन, हिन्‍दुस्‍तान पेट्रोलियम कॅर्पोरेशन लिमिटेड द्वारा पंजाब एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी (पीईडीए), हरियाणा नवीकरणीय ऊर्जा विकास एजेंसी (एचएआरईडीए) और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग, हरियाणा का प्रतिनिधित्व करने वाले राज्य अधिकारियों की उपस्थिति में उद्घाटन किया।

श्री धर्मेंद्र प्रधान, माननीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री और कौशल विकास और उद्यमिता मंत्री ने संपीड़ित जैव गैस (सीबीजी) की शुरूआत करके परिवहन के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव के उद्देश्य से नई दिल्ली में 1 अक्टूबर, 2018 को ‘सतत’ नामक परिवर्तनकारी पहल की। इस पहल के तहत, सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों ने संभावित उद्यमियों से सीबीजी प्राप्त करने तथा उसे ऑटोमोटिव ईंधन के रूप में इस्‍तेमाल करने के लिए बाजार में उपलब्‍ध कराने हेतु रूचि की अभिव्‍यक्ति (ईओआई) आमंत्रित कीं। ‘सतत’ में 2023 तक 15 एमएमटी प्रति वर्ष के अनुमानित सीबीजी उत्पादन के साथ पूरे देश में 5000 सीबीजी संयंत्र स्थापित करने की परिकल्पना की गई है। ‘सतत’ पहल भारत सरकार द्वारा प्रचारित ‘स्वच्‍छ भारत अभियान’ और ‘मेक इन इंडिया’ जैसी अन्य पहलों को भी पूरा करती है।

इस अवसर पर बोलते हुए, श्री विजय शर्मा, निदेशक, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा कि परिवहन क्षेत्र में सीबीजी के आने से अपशिष्ट प्रबंधन, कार्बन उत्सर्जन में कमी, किसानों के लिए अतिरिक्त राजस्व स्रोत, रोजगार के अवसर सृजित करके उद्यमशीलता और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने जैसे अनेक लाभ हैं । श्री शर्मा ने इस बात पर बल दिया कि परिवहन क्षेत्र में सीबीजी को बढ़ावा देने से भारतीय अर्थव्यवस्था को कच्चे तेल / गैस की कीमतों के उतार-चढ़ाव से राहत मिल जाएगी। यदि देश में सीबीजी की कुल क्षमता का दोहन कर लिया जाता है तो भारत प्रति वर्ष लगभग 62 एमएमटी सीबीजी उत्पन्न कर सकता है जो देश में गैस की सम्‍पूर्ण मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त है।

तेल विपणन कंपनियों की ओर से श्री एस जयकृष्णन ने बताया कि तेल विपणन कंपनियां स्वदेशी ईंधन उत्पादन के द्वारा देश का सहयोग करने और इसकी आयात निर्भरता को कम करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसलिए, तेल विपणन कंपनियां सीबीजी आपूर्तिकर्ताओं के लिए लाभकारी मूल्‍य लेकर आई हैं ताकि ‘सतत’ पहल का आकर्षण बना रहे और भारतीय परिवहन क्षेत्र की ईंधन की आवश्यकता को पूरा करने के लिए वैकल्पिक उपाय भी सुनिश्चित किया जा सके।

रोड शो में भावी उद्यमियों, प्रौद्योगिकी प्रदाताओं, वित्तीय संस्थानों, तेल विपणन कंपनियों, पीईएसओ, फिक्की, सीआईआई, एसोचैम के अधिकारियों ने भाग लिया और इसने सीबीजी परियोजनाओं की स्थापना, उपलब्‍ध समर्थन तंत्र, सीबीजी डिलीवरी तंत्र आदि के संबंध में प्रतिभागियों के प्रश्नों को संबोधित करने में विभिन्न हितधारकों के लिए एक परस्‍पर संवाद मंच प्रदान किया।

Public Sector Oil Marketing Companies (OMCs) IOCL, BPCL & HPCL, organized a Road Show on 17th Nov. 2018 at Chandigarh in order to create awareness about the newly launched initiative by OMCs viz. SATAT (Sustainable Alternative Towards Affordable Transportation) and to sensitise stakeholders to participate in the said initiative. The Road Show was kicked off by Shri Vijay Sharma, Director, Ministry of Petroleum & Natural Gas and Shri S.Jeyakrishnan, Director-Marketing, Hindustan Petroleum Corporation Ltd. in the presence of State Officials representing Punjab Energy Development Agency (PEDA), Haryana Renewable Energy Development Agency (HAREDA) and New & Renewable Energy Department, Haryana.

Shri Dharmendra Pradhan, Hon’ble Minister of Petroleum & Natural Gas; and Skill Development & Entrepreneurship, launched a transformational initiative entitled SATAT on 1st October, 2018 at New Delhi with an aim to revolutionize transport sector by introducing Compressed Bio-Gas (CBG) in this segment. Under this initiative, PSU OMCs invited Expression of Interest (EoI) to procure CBG from potential entrepreneurs and make available CBG in the market for use as automotive fuel. SATAT envisions to establish 5000 CBG plants across the country with an estimated CBG production of 15 MMT/annum by 2023. SATAT initiative also complements other initiatives such as Swatch Bharat Abhiyan and Make in India, promoted by Government of India.

While speaking on the occasion, Shri Vijay Sharma, Director, MoPNG remarked that CBG introduction in transport sector has multiple benefits such as waste management, reduction in carbon emissions, additional revenue source for farmers, boost to entrepreneurship & rural economy by the way of generating employment opportunities. Shri Sharma emphasized that promoting CBG in transport sector would isolate Indian economy from fluctuating crude oil/gas price. If total potential of CBG is exploited in the country, India can produce apprx. 62 MMT equivalent of CBG annually which is sufficient to replace the entire gas demand of the nation.

Shri S Jeyakrishnan, on behalf of OMCs, informed that OMCs are committed to support the nation with indigenous fuel production and reduce its import dependency. Thus, OMCs have come up with remunerative price for CBG suppliers to ensure attractiveness of the SATAT initiative and devise alternative means to support fuel requirement for Indian transport sector.

The Road Show was attended by prospective entrepreneurs, technology providers, financial institutions, officials from Oil Marketin

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